बिहार के पूर्व शिक्षा मंत्री मेवालाल चौधरी की कोरोना से मौत, नीतीश कैबिनेट में शिक्षा मंत्री बनते ही देना पड़ा था त्यागपत्र

पटना: देश में कोरोना की दूसरी लहर लगातार बेकाबू होती जा रही है। तमाम एहतियात और सख्ती के बीच कोरोना का जानलेवा वायरस लगातार लोगों की जाने लील रहा है। इस बीच बिहार से दुखद खबर आई है। बिहार के पर्व शिक्षा  मंत्री और जेडीयू नेता मेवालाल चौधरी की कोरोना की वजह से मौत हो गई है। कोरोना संक्रमित होने के बाद से जेडीयू विधायक पटना के पारस हॉस्पिटल में भर्ती थे। डॉक्टर मेवालाल चौधरी तारापुर विधान सभा सीट से जेडीयू के विधायक थे।

मेवालाल चौधरी अपने परिवार के पटना में रहते थे। उनके परिवार के लोगों का कहना है कि वो कोरोना से संक्रमित हो गए थे और इसके बाद उन्हें सांस लेने में दिक्कत हो रही थी। घरवालों ने हालत बिगड़ती देख उन्हें पटना के पारस अस्पताल में भर्ती कराया जहां उनकी मौत हो गई। उनके निधन के बाद सियासी गलियारे में शोक की लहर है।

मेवालाल चौधरी के निधन पर  जेडीयू के राष्ट्रीय अध्यक्ष आरसीपी सिंह ने शोक जताया है। उन्होंने फेसबुक पोस्ट किया है कि ‘बिहार सरकार के पूर्व मंत्री व तारापुर विधायक डॉ मेवालाल चौधरी जी के आकस्मिक निधन पर गहरा शोक व्यक्त करता हूँ। ईश्वर उनकी आत्मा को शांति प्रदान करें एवं उनके परिवारजनों को सम्बल दें ।’

आपको बता दें कि राजनीति में आने से पहले साल 2015 तक मेवालाल चौधरी भागलपुर कृषि विश्वविद्यालय के कुलपति थे। साल 2015 में रिटायरमेंट के बाद उन्होंने जेडीयू की सदस्यता ले ली थी। इसके बाद उन्होंने जदयू से टिकट लेकर तारापुर से चुनाव लड़ा और जीत गए। लेकिन चुनाव जीतने के बाद डॉ चौधरी नियुक्ति घोटाले में आरोपी बनाए गए। कृषि विश्वविद्यालय में नियुक्ति घोटाले का मामला सबौर थाने में साल 2017 में दर्ज किया गया था। इस मामले में विधायक ने कोर्ट से अंतरिम जमानत ले ली थी।

Show More

Related Articles

Back to top button